लखीमपुर खीरी में कवरेज के दौरान पत्रकार की हत्या: लखीमपुर खीरी

लखीमपुर खीरी में कवरेज के दौरान पत्रकार की हत्या: लखीमपुर खीरी

बेटा-बेटी से कहकर निकले थे चॉकलेट लेकर आऊंगा, पर आधी रात को खेत में पड़ी मिली लाश|

लखीमपुर-खीरी,

Lakhimpur-Kheri – नेशनल न्यूज़ टाइम
घटना को कवर करने गए पत्रकार की मौत।

लखीमपुर खीरी में किसानों और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच हुई हिंसक झड़प में मरने वालों की संख्या नौ हो गई है। इनमें एक स्थानीय पत्रकार रमन कश्यप भी शामिल हैं। आरोप है कि रमन को प्रदर्शनकारियों ने पीट-पीट कर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद उनका शव दूर खेत में फेंक दिया गया था। जो काफी तलाश के बाद मिला। इसके बाद परिजनों ने शव रखकर निघासन चौराहे पर जाम लगा दिया। हालांकि प्रशासन की ओर से परिजनों को 45 लाख रुपए और पत्नी को सरकारी नौकरी के आश्वासन के बाद जाम खोल दिया गया।

रमन की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर हुआ बुरा हाल। – Dainik Bhaskar
रमन की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर हुआ बुरा हाल।
बेटा और 11 बेटी कर रहे पिता का इंतजार

दरअसल, रमन कश्यप एक टीवी चैनल के लिए रिपोर्टिंग करते हैं। उनकी पत्नी लक्ष्मी बताती हैं कि रविवार दोपहर करीब 12 बजे घर से निकल रहे थे तो बेटी ने उन्हें रोक दिया। बेटी के पूछने पर बताया कि कुछ काम से जा रहा हूं, शाम को चॉकलेट लेकर आऊंगा। बच्चों को समझाकर वह निकल गए, दो बजे के आस पास हमें पता चला कि निघासन के पास कुछ विवाद हो गया है। उनसे बातचीत भी हुई फिर तीन बजे के बाद उनका फोन बंद हो गया। हम लोग बार-बार फोन मिलाने का प्रयास करते रहे, लेकिन बात नहीं हो पाई। हमें चिंता हुई तो उनकी तलाश में घटना स्थल की ओर निकल पड़े। बाद में पता चला कि उनकी हत्या कर दी गई है। रमन के दो बच्चे हैं। एक 11 साल की बेटी तनु और डेढ़ साल का बेटा अनुभव है। रमन के तीन भाई हैं। रमन के दो भाई टीचर हैं और पिता खेती करते हैं। रमन प्राइवेट जॉब के साथ पत्रकारिता भी करते थे।

परिवारवालों ने की सरकार से मुआवजे की मांग। –

परिवारवालों ने की सरकार से मुआवजे की मांग।
बहुत देर तक पता न चलने पर शुरू की तलाश

रविवार दोपहर तीन बजे के बाद पूरा परिवार और रमन के कुछ साथी उनकी तलाश में निकले। काफी रात तक परिवार वाले और दोस्त उनकी तलाश करते रहे। घंटों तलाश के बाद घटना स्थल से कुछ दूरी पर एक शव मिलने की सूचना मिली। रमन के दोस्त वहां पहुंचे और शव की शिनाख्त की। इसके बाद परिजनों को पोस्टमार्टम हाउस बुलाया गया। इसके बाद सोमवार सुबह परिजनों ने शव रखकर निघासन चौराहे पर जाम लगा दिया। साथ हत्याराेपियों को गिरफ्तार करने की मांग रखी। इसके साथ ही परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और 45 लाख रुपए की मांग रखी। प्रशासन के आश्वासन के बाद धरना समाप्त किया गया।

[banner caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”100_percent” count=”-1″ transition=”fade” timer=”4000″ auto_height=”0″ show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″]

क्राइम देश विदेश प्रदेश बड़ी खबर