परिवार, समाज और देश की उन्नति के लिए महिलाओं का शिक्षित होना बहुत जरुरी हैं : उपेंद्र सिंह

परिवार, समाज और देश की उन्नति के लिए महिलाओं का शिक्षित होना बहुत जरुरी हैं : उपेंद्र सिंह

 

भारत को आर्थिक तथा सामाजिक रूप से विकसित बनाने में नारी शिक्षा बेहद ज़रूरी हैं : उपेंद्र सिंह

आगरा,संजय साग़र। एक महिला अपने जीवन में माँ, बेटी, बहन, पत्नी जैसे कई रिश्तों को निभाती है। किसी भी रिश्ते में बंधने से पहले वह महिला देश की आजाद नागरिक है तथा वह उन सब अधिकारों की हक़दार है जो पुरुषों को मिले हुए हैं। उन्हें अपनी इच्छा अनुसार शिक्षा ग्रहण करने का हक़ है जिससे वे अपने मनपसंद क्षेत्र में कार्य कर सके। शिक्षा न सिर्फ महिलाओं का समाज में स्तर ऊँचा करती है बल्कि महिलाओं के प्रति समाज की उस संकीर्ण सोच, जिसमे उन्हें माँ-बाप पर बोझ की तरह देखा जाता था, को भी खत्म करती है। शिक्षा महिलाओं को पुरुषों की भांति समाज और देश को प्रगति के पथ पर ले जाने के कर्तव्य से भी अवगत कराती है। शिक्षित महिलाएं सिर्फ अपने बच्चे ही नहीं बल्कि उनके आसपास और कई लोगों की जिंदगी को बदल सकती है जो देश को विकसित करने में महत्वपूर्ण किरदार अदा कर सकते है।[banner caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”100_percent” group=”ramakrishna-hospital-kota” count=”12″ transition=”scrollHorz” timer=”2000″ auto_height=”0″ show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″]

इस महत्वपूर्ण विचार के साथ अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कॉंग्रेस के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष उपेंद्र सिंह ने बताया कि आजादी के बाद के समय तक महिला साक्षरता को लेकर किये गये प्रयासों में बहुत प्रगति हुई है। हालाँकि अभी यह कार्य संतुष्टि के स्तर तक नहीं पहुँचा है। अभी भी इस दिशा में काफी काम करना बाकी है। भारत के विश्व में बाकी देशों से पिछड़ने के पीछे महिला साक्षरता की कमी का ही होना है। भारत में महिला साक्षरता को लेकर गंभीरता इसलिए कम है क्योंकि बहुत पहले समाज में महिलाओं पर तरह-तरह की पाबंदियां थोप दी गई थी। इन पाबंदियों का जल्द ही हटाना बेहद जरुरी है। इन प्रतिबंधों को हटाने के लिए हमें महिला शिक्षा को लेकर व्यापक स्तर पर जागरूकता फैलानी होगी [banner id=”34593″ caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”auto” show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″]और महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति प्रेरित करना होगा जिससे वे आगे आकर समाज और देश को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सके। शहरी तथा ग्रामीण इलाकों में महिला शिक्षा का स्तर काफी बढ़ा है। हालाँकि ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं के लिए अलग से विशेष योजनायें चलाई गयी है। गावों में महिलाओं को शिक्षित करने के साथ–साथ उनके लिए रोज़गार संबंधी अवसर भी बढ़ाये जाने चाहिए जिससे वे अच्छी आमदनी अर्जित कर अपने परिवार का सही गुज़ारा कर सके। भारतीय समाज के सही आर्थिक और सामाजिक विकास के लिए नारी शिक्षा बेहद ज़रूरी है। [banner caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”100_percent” group=”not-reporter” count=”13″ transition=”scrollHorz” timer=”4000″ auto_height=”0″ show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″]महिला एवं पुरुष दोनों ही एक सिक्के के दो पहलू हैं। जिस तरह से साइकिल का संतुलन दोनों पहियों पर निर्भर होता है उसी तरीके से समाज का विकास भी पुरुष और महिला के कन्धों पर आश्रित है। दोनों ही देश को नई ऊँचाईयों तक ले जाने की क्षमता रखते हैं इसलिए दोनों को ही बराबर की शिक्षा का हक़ मिलना जरुरी है। अगर इन दोनों में से किसी भी एक की शिक्षा का स्तर गिरा तो समाज की प्रगति होना नामुमकिन है। किसी भी देश को पूर्ण रूप से विकसित होने के लिए वहां की महिलाओं का शिक्षित होना जरुरी है। यह एक तरह से उस दवाई की भांति है जो मरीज़ को ठीक होने में मदद करती है और उसे फिर से सेहतमंद बनने में मदद करती है। महिला शिक्षा एक बहुत बड़ा मुद्दा है भारत को आर्थिक रूप से तथा सामाजिक रूप से विकसित बनाने में। शिक्षित महिला उस तरह का औज़ार है जो भारतीय समाज पर और अपने परिवार पर अपने हुनर तथा ज्ञान से सकारात्मक प्रभाव डालती है। भारत की उन्नति के लिए महिलाओं का शिक्षित होना बहुत जरुरी है क्योंकि अपने बच्चों की पहली शिक्षक माँ ही होती है जो उन्हें जीवन की अच्छाईयों और बुराइयों से अवगत कराती है।[banner caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”100_percent” count=”5″ transition=”fade” timer=”4000″ auto_height=”0″ show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″] अगर नारी शिक्षा को नजरंदाज़ किया गया तो देश के भविष्य के लिए यह किसी खतरे से कम नहीं होगा। एक अनपढ़ महिला में वो काबिलियत नहीं होती जिससे वह अपने परिवार, बच्चों का सही ख्याल रख सके। इस कारण आने वाली पीढ़ी कमज़ोर हो जाएगी।

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श्री सिंह ने अपनी बात को बढ़ाते हुए अपने वक्तव्य में कहा कि हम महिला साक्षरता के सारे लाभ की गिनती तो नहीं कर सकते पर इतना जरुर कह सकते है की एक शिक्षित महिला अपने परिवार और बच्चों की जिम्मेदारी को अच्छे से निभा सकती है, उन्हें अच्छे बुरे का ज्ञान दे सकती है, सामाजिक तथा आर्थिक कार्य करके देश की प्रगति में अपना योगदान दे सकती है। एक पुरुष को शिक्षित करके हम सिर्फ एक ही व्यक्ति तक शिक्षा पहुँचा पाएंगे पर एक महिला को शिक्षित करके हम पूरे देश तक शिक्षा को पहुँचा पाएंगे। महिला साक्षरता की कमी देश को कमज़ोर बनाती है। इसलिए यह बहुत जरुरी है कि महिलाओं को उनकी शिक्षा का हक़ दिया जाए और उन्हें किसी भी तरह से पुरुषों से कम न समझा जाए। आज के समय में भारत महिला साक्षरता के मामले में लगातार प्रगति कर रहा है। भारत में महिला साक्षरता नए ज़माने की अहम जरुरत है। महिलाओं के शिक्षित हुए बिना हम देश के उज्जवल भविष्य की कल्पना भी नहीं कर सकते। परिवार, समाज और देश की उन्नति में महिलाओं की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण है। [banner id=”33929″ caption_position=”bottom” theme=”default_style” height=”auto” width=”auto” show_caption=”1″ show_cta_button=”1″ use_image_tag=”1″]भारत के लोकतंत्र को सफल बनाने का एकमात्र रास्ता यहीं है की महिलाओं तथा पुरुषों को शिक्षा हासिल करने के लिए बराबरी का हक़ दिया जाए। शिक्षित महिलाएं ही देश, समाज और परिवार में खुशहाली ला सकती है। यह कथन बिलकुल सत्य है की एक आदमी सिर्फ एक व्यक्ति को ही शिक्षित कर सकता पर एक महिला पूरे समाज को शिक्षित कर सकती है जिससे पूरे देश को शिक्षित किया जा सकता है। आज महिला शिक्षा के महत्व को पहचानना बहुत आवश्यक है क्योंकि वे अपने बच्चो की पहली शिक्षक है जो आगे जाकर देश के निर्माण को एक नई पहचान देंगे। किसी भी बच्चे का भविष्य उसकी माँ द्वारा दिए प्यार और परवरिश पर निर्भर करता है जो एक महिला ही कर सकती है। हर बच्चा अपनी ज़िन्दगी की पहली सीख अपनी माँ से ही हासिल करता है। इसलिए माँ का शिक्षित होना बेहद जरुरी है जिससे वह अपने बच्चे में वे गुण डाल सके जो उसके जीवन को सही दिशा दे सके। शिक्षित महिलाएं सिर्फ अपने बच्चे ही नहीं बल्कि उनके आसपास और कई लोगों की जिंदगी को बदल सकती है जो देश को विकसित करने में महत्वपूर्ण किरदार अदा कर सकते है।

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